कुछ हटकर (Something Different)

1400 KM साइकिल चलाकर बीमार मां से मिलने पहुंचा बेटा

दोस्तों इस लॉक डाउन में सब की जिंदगी बेहाल हो चुकी है,ऐसे में कई व्यवसाई लोग,दिहाड़ी मजदूर लोग या ऐसे लोग जो अपने घर को छोड़ कर 2 पैसे कामने के लिए अपने राज्य से दूसरे राज्य में गए और उन के पहुँचते ही सरकार ने लॉक डाउन घोषित कर दिया उन लोगो के लिए ये समय बिताना बेहद कठिन है,ये लोग चाह कर भी कुछ नहीं कर सकते,देश में संपुर्ण यातायात और ट्रांसपोर्ट के साधन भी बंद है,कुछ भले लोगो की वजह से ये लोग 2 वक़्त की रोटी खा रहे है,कुछ लोग का तो ये भी कहना है की उन्होंने अपनी पूरी जिंदगी में कभी ऐसा बुरा समय नहीं देखा,और ना ही कभी ऐसी बीमारी देखीं.

दोस्तों आज हम आप को एक ऐसे व्यक्ति के बारे में बताने जा रहे है जो अपनी माता जी से मिलने के लिए 1400 किलोमीटर साईकल से अपने घर पहुंच गया.ये सच है दोस्तों की एक व्यक्ति अपनी माँ से मिलने की खातिर 1400 किलोमीटर साईकल चला कर अपने घर तक पहुँच गया.इन का नाम है संजय रामफल,ये लगभग 3 महीने पहले किसी बड़ी फिल्म में रोल के लिए ऑडिशन देने मुंबई आये थे लेकिन इन के आने के बाद सरकार ने लॉक डाउन लगा दिया,संजय की माँ की तबियत ख़राब है ये सुचना जब संजय को मिली तो संजय को अपने घर और माँ की याद ज्यादा सताने लगी तभी इन्होने तय किया की ये किसी भी तरह से अपन घर,अपनी माँ के पास पहुँच कर रहेंगे.

संजय ने अपने निकट ओ.एल.एक्स पर पुरानी साईकल खरीदी और निकल पड़े घर को,रस्ते में इन्हे काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ा कभी साईकल ख़राब हुई तो कही पर पुलिस वालो ने इन्हे घंटो तक पूछताछ के लिए बैठा कर रखा और इनको इस से बचने के लिए कच्चे रास्ते का भी स्तेमाल करना पड़ा,संजय रोज़ाना 80 से 90 किलोमीटर साईकल चलते थे जिसके चलते ये 16 दिन बाद घर पहुँच पाए,संजय का घर हरयाणा के चरखी,दादरी में है जो की मुंबई से 1400 किलोमीटर दूर है.संजय अपने घर जाने से पहले सरकारी हॉस्पिटल गए वहां पर अपना चेक-अप करवाया,जिसके चलते इनको डॉक्टर ने 14 दिन के लिए कोरेन्टाइन किया,ये समय बिता कर संजय अपने घर अपनी माँ के पास पहुँच कर बेहद खुश हुवे और भगवान का शुक्रिया किया की वो सही सलामत घर पहुँच गए.

Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published.

To Top